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यूपी पीसीएस 2018 के लिए ऑनलाइन आवेदन छह से, एसडीएम के 119 पद, जानें क्या एग्जाम पैटर्न में क्या हुए बदलाव

इस बदलाव से अब पीसीएस की मुख्य परीक्षा का महत्व बढ़ जाएगा। साथ ही साक्षात्कार की आड़ में अभ्यर्थियों को अधिक नंबर देकर उन्हें अनुचित लाभ पहुंचाए जाने की शिकायतों को पर भी विराम लगेगा।

इसके अलावा अब दो की बजाय वैकल्पिक विषय एक ही होगा। सामान्य अध्ययन के दो की जगह अब चार पेपर होंगे। प्रदेश में भाजपा की सरकार ने इस अहम निर्णय पर पहले ही अपनी मुहर लगा दी है, ताकि पीसीएस परीक्षा में पारदर्शिता रहे। गौरतलब है कि अभी तक पीसीएस परीक्षा में लिखित परीक्षा 1500 नंबर और की होती थी और साक्षात्कार 200 नंबर के होते थे।

बदलाव के बाद लिखित परीक्षा तो 1500 अंकों की ही रहेगी लेकिन, साक्षात्कार में 100 नंबर घटा दिए जाने से चयन प्रक्रिया कुल 1600 नंबरों में पूरी की जाएगी। इस बार कई बदलाव के साथ यूपीएससी ने एक और महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए यूपीएससी से होने वाली आइएएस परीक्षा की तर्ज पर पीसीएस 2018 में भी दो अलग-अलग क्षेत्रों की प्रारंभिक परीक्षाएं एक साथ कराने की योजना तैयार की है। सचिव जगदीश ने बताया कि इसके तहत प्रारंभिक परीक्षा में पीसीएस के साथ सहायक वन संरक्षक का पेपर भी होगा। यानी प्रश्न पत्र एक ही आएगा जबकि मुख्य परीक्षा अलग-अलग होगी।

19 अगस्त को प्रारंभिक परीक्षा पर असमंजस बरकरार

यूपीपीएससी ने दूसरी छमाही के कैलेंडर में पीसीएस 2018 की प्रारंभिक कराने की तारीख 19 अगस्त घोषित कर रखी है। पहले यह तारीख 24 जून तय थी। अब आवेदन लेने का सिलसिला अगस्त माह के पहले सप्ताह तक चलेगा, ऐसे में परीक्षा तारीख पर असमंजस बना है। हालांकि सचिव का कहना है कि इम्तिहान तय तारीख पर कराने की तैयारी है।

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राज़ी के 100 करोड़ होते ही आलिया भट्ट के बढ़ गए ‘भाव’

लगातार सफ़लता और मार्केट पोजीशन देखते हुए आलिया भट्ट ने अपनी फीस बढ़ा ली है l बताते हैं कि अब वो करीब नौ करोड़ रूपये मेहनताना लेंगी l सूत्रों के मुताबिक उनके पास लगातार बड़े बजट की फिल्मों के ऑफ़र आ रहे हैं l इस समय वो करण जौहर, साजिद नाडियाडवाला, ज़ोया अख्तर जैसे बड़े मेकर्स के साथ कलंक, ब्रह्मास्त्र, गल्ली बॉय जैसी फिल्मों में काम कर रही हैं l ऐसी भी ख़बर है कि संजय लीला भंसाली भी आलिया को लेकर एक फिल्म बनने की प्लानिंग कर चुके हैं l ऐसे में आलिया चाहती हैं कि उन्हें उनकी मेहनत का कुछ और ज़्यादा पुरस्कार मिले l

आलिया भट्ट के करियर पर गौर करें तो पायेंगे कि छह साल के छोटे से करियर में सिर्फ शानदार को छोड़ कर उनकी सारी फिल्में क्रिटिकली और कमर्शियली सफ़ल रही हैं l उनकी आख़िरी रिलीज़ फिल्म राज़ी ने तो अब तक 108 करोड़ से अधिक की कमाई कर ली है l हाल ही में आलिया ने एक ख्वाहिश ज़ाहिर की थी कि वो अब निर्माता बनना चाहती हैं। आलिया के मुताबिक हालांकि वो इसके लिए अभी बहुत जल्दबाज़ी में नहीं हैं कि वो तुरंत अपना कोई प्रोडक्शन हाउस खोल लें लेकिन अगर कोई अच्छी स्क्रिप्ट आती है और उन्हें कंटेंट पसंद आता है तो वो इस दिशा में जरुर कदम बढ़ाना चाहेंगी। मज़े की बात है कि आलिया ने अपने पिता के नामी प्रोडक्शन हाउस विशेष फिल्मस में अब तक कोई फिल्म नहीं की है लेकिन ख़ुद निर्माता बनने की इच्छा उनमें जरुर है।

आलिया ने एक बातचीत में ये भी कहा है कि उन्हें छोटे परदे पर भी काम करना है लेकिन इसके लिए अभी समय है। अलिया, आजकल के दौर को देखते हुए एक वेब सीरीज़ और इंटरनेशनल फिल्म में भी काम करना चाहती है। लेकिन उसकी ये सब ख्वाहिशें कब पूरी होंगी ये कहा नहीं जा सकता।

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अमेजन के मालिक दुनिया में सबसे रईस, मुकेश अंबानी 19वें स्थान पर

फोर्ब्स की सालाना अरबपतियों की सूची में इस वर्ष अमेरिकी ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन डॉट कॉम के मालिक जेफरी प्रेस्टन बेजॉस ने धमाकेदार प्रदर्शन के साथ बिल गेट्स से दुनिया के सबसे बड़े धनकुबेर का रुतबा छीन लिया है। सूची के मुताबिक 110 अरब डॉलर (करीब 7.15 लाख करोड़ रुपये) मूल्य की संपत्ति के साथ जेफ बेजॉस दुनिया के सबसे बड़े धनकुबेर बन गए हैं। इसके साथ ही जेफ 100 अरब डॉलर से ज्यादा संपत्ति वाले पहले अरबपति भी बन गए हैं।

माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक और सामाजिक कार्यों के लिए भरपूर दान देने वाले बिल गेट्स को वर्षों बाद पहली बार दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा है। फोर्ब्स की नवीनतम सूची में गेट्स की कुल संपत्ति 90 अरब डॉलर आंकी गई है। वहीं, भारत के सबसे बड़े धनकुबेर और रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी 40.1 अरब डॉलर (करीब 2.61 लाख करोड़ रुपये) संपत्ति के साथ सूची में एक पायदान चढ़कर 19वें स्थान पर रहे हैं। पिछले वर्ष वे 20वें स्थान पर थे और उनकी संपत्ति में करीब आठ अरब डॉलर का इजाफा हुआ है।

फोर्ब्स के मुताबिक इस वर्ष इन्वेस्टमेंट गुरु वारेन बफेट (84 अरब डॉलर) तीसरे, बर्नार्ड अर्नाल्ट (72 अरब डॉलर) चौथे और फेसबुक के संस्थापक मार्क जुकरबर्ग (71 अरब डॉलर) पांचवें स्थान पर रहे। दुनिया के शीर्ष 100 धनकुबेरों की सूची में देश के अन्य दिग्गजों में हिंदुजा परिवार, अजीम प्रेमजी (विप्रो), लक्ष्मी निवास मित्तल (आर्सेलरमित्तल), शिव नाडर (एचसीएल), दिलीप सांघवी (सन फार्मा), उदय कोटक (कोटक महिंद्रा बैंक), राधाकिशन दमानी, सायरस पूनावाला (सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया), सुनील मित्तल और परिवार (भारती एयरटेल) तथा आचार्य बालकृष्ण (पतंजलि) शामिल हैं।

फोर्ब्स की सूची में शीर्ष 10 में कोई महिला नहीं है। अमेरिकी रिटेल चेन वालमार्ट की उत्तराधिकारी एलिस वाल्टन 16वें स्थान के साथ पहली महिला हैं।

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SBI Recruitment 2018: 407 पदों पर आवेदन करने का आखिरी मौका, ऐसे करें अप्लाई

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने 407 पदों पर भर्तियां निकाली हैं. इन पदों के लिए आवेदन करने का यह आखिरी मौका है. इच्छुक उम्मीदवार बैंक की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन भी आवेदन कर सकता है. आवेदन करने की आखिरी तारीख 15 फरवरी है. पद और योग्याता से जुड़ी अन्य जानकारी नीचे दी गई है….

यहां से करें आवेदन- इच्छुक आवेदक इन पदों के लिए एसबीआई की आधिकारिक वेबसाइट www.sbi.co.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.

इन पदों के लिए निकली है भर्तियां- विभाग ने जिन पदों पर भर्तियां निकाली हैं उनमें Special Cadre Officer Posts के पद शामिल हैं.

इतनी होनी चाहिए योग्यता- इन पदों के लिए योग्यता का पैमाना अलग-अलग है. आप योग्यता से जुड़ी ज्यादा जानकारी के लिए विभाग की आधिकारिक वेबसाइट या नोटिफिकेशन को देख सकते हैं.

 उम्र सीमा– अलग-अलग पद के लिए उम्र की सीमा 20 से 50 साल के बीच है.

इस आधार पर होगा उम्मीदवारों का चयन– बैंक उम्मीदवारों का चयन शार्टलिस्टिंग और इंटरव्यू के आधार पर करेगा.

इतना देना होगा आवेदन शुल्क– सामान्य वर्ग और अन्य पिछड़ा वर्ग के उम्मीदवारों को 600 रुपये जबकि एससी, एसटी व पीडब्ल्यूडी उम्मीदवार को 100 रुपये.

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महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर शुरू हुई मशरूम और कीड़ा-जड़ी की ऑनलाइन बिक्री। आज ही आर्डर करें!

मशरूम में जहा आपको तंदुरुस्त रखने की सभी खूबियां होती हैं वही कीड़ा-जड़ी एक अत्यंत लाभकारी और दुर्लभता से पायी जाने वाली औषिधीय गुणों से युक्त विशिष्ट मशरूम प्रजाति है। हमारी कंपनी ने देहरादून की मशरूम उत्पादक और शोध कार्य करने वाली अग्रणी कंपनी सौम्या फूड्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ मिलकर मशरूम और कीड़ा-जड़ी की ऑनलाइन बिक्री करने हेतु हाथ मिलाया है।

हमारे माध्यम से कीड़ा-जड़ी को वास्तविक रूप में आप तक पहुँचाने का ये प्रयास अपने आप में अनोखा है। हमारे पास उपयुक्त स्रोत हैं जिसका लाभ आप भी उठा सकते हैं। आपको अब हिमालय के वन क्षेत्रों में कीड़ा-जड़ी को खोजने की आवश्यकता नहीं है। आपको ऍफ़ एस एस ए आई द्वारा स्वीकृत एवं प्रमाणित 100% शुद्ध मशरूम व कीड़ा-जड़ी घर बैठे ही मिल सकती है।
हमारा प्रयास आपको स्वस्थ और प्रसन्न रखने का है। ईश्वर का ये जीवन अनमोल है और कीड़ा-जड़ी इस जीवन को और मनोरंजक व आसान बनाने के लिए रामबाण उपाय है।


सौम्या फूड्स प्राइवेट लिमिटेड की डायरेक्टर दिव्या रावत जी के अथक परिश्रम और शोध के फलस्वरूप ये मुमकिन हो पाया है। हमारा प्रयास है की पहाड़ों में होने वाला पलायन रोका जा सके और वहां के लोगों को वह व्यवसाय दिया जाये जिससे उनका जीवन यापन आसानी से हो सके। इन अभूतपूर्व प्रयासों के फलस्वरूप दिव्या जी को राष्ट्रपति से नारीशक्ति पुरुस्कार मिल चुका है और नित नए प्रयासों के लिए इनकी जितनी सराहना की जाये कम है।

हम आपको उपलब्ध करा रहे हैं ओएस्टर मशरुम सौ ग्राम के पैक में, तथा जल्द ही शिटाके और गैनोडर्मा मशरुम भी हमारे पोर्टल पर उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही मशरुम के विभिन्न आचार का भी आनंद आप घर बैठे ले सकेंगे।

Oyster Mushrooms 100 Grams

 

कीड़ा-जड़ी हमारे पास दस ग्राम के पैक से शुरू है जोकि आपको तीन सौ रूपये प्रति ग्राम की साधारण राशि में मिल जाएगी। इसके अलावा पचीस ग्राम का पैक तथा पचास ग्राम का पैक भी उपलब्ध है। पचास ग्राम के पैक में आपको 1250 रूपये की बचत होगी। इसलिए इंतिजार मत कीजिये, आर्डर कीजिये।

Cordyceps Militaris/ कीड़ा-जड़ी 50 Grams

जाने मशरुम और कीड़ा-जड़ी की अनमोल खूबियों के बारे में, सिर्फ एक क्लिक में। STAY HEALTHY! STAY BLESSED!

ॐ नमः शिवाय !

 

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ऑटो एक्सपो 2018 LIVE: शुरू हुआ कारों का मेला, यहां है रफ्तार, शान और भविष्य का संगम

ऑटो एक्सपो में 28 दुपहिया, 14 चौपहिया और 9 वाणिज्यिक वाहन विनिर्माता कंपनियां हिस्सा ले रही हैं. इस प्रदर्शनी के दौरान कुल 100 वाहन पेश किये जायेंगे.

14वें ऑटो एक्सपो 2018 की शुरुआत आज से हो चुकी है. ऑटो एक्सपो ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो मार्ट में 14 फरवरी तक चलेगा. एक्स्पो के पहले दो दिन यानि 7 और 8 फरवरी मीडिया के लिए होंगे, इन दो दिनों में मोटर कंपनियां अपने नए उत्पादों को मीडिया के सामने पेश करेंगी. वहीं 9 से 14 फरवरी तक एक्स्पो आम पब्लिक के लिए होगा.

Auto Expo 2018 LIVE Updates

    • सुजुकी ने अपनी कई एक्सक्लूसिव बाइक्स को इस एक्सपो में शोकेस किया है. कंपनी ने 125 सीसी का नया बर्गमैन स्ट्रीट स्कूटर लॉन्च किया है जो एलईडी हैडलैंप, बॉडी माउंट विंडस्क्रीन के जरिए भारत में स्कूटर्स के क्षेत्र में नया उदाहरण बनेगा.

 

    • ग्लोबल ब्रांड ‘किआ’ की भारत में एंट्री. किआ मोटर्स कोरिया की कंपनी है. ये एक्सपो में 16 गाड़ियां दिखा चुकी हैं जो 2019 में लॉन्च होंगी.

 

    • कार निर्माता कंपनी होंडा ने नई गाड़ियां पेश कीं, ये गाड़ियां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस हैं

 

    • इस ऑटो एक्सपो में 28 टू व्हीलर, 14 फोर व्हीलर और 9 कमर्शियिल व्हीकल कंपनियां हिस्सा ले रही हैं. इस प्रदर्शनी के दौरान कुल 100 वाहन पेश किये जायेंगे.

 

    • इस बार में एक्स्पो में 100 एग्ज़िबिटर्ज़ होंगे जो पिछली बार के मुक़ाबले ज़्यादा हैं, पिछली बार के एक्स्पो में 80 एग्ज़िबिटर्ज़ ने हिस्सा लिया था.

 

    • इस बार के एक्स्पो में हालांकि गाड़ियों के एग्ज़िबिटर्ज़ की संख्या पिछले बार के मुक़ाबले कम हुई है. पिछली बार 59 थे इस बार 51 हैं.

 

    • इस शो की टिकट्स 750 रुपये और 350 रुपये के बीच है. वीकडेज में बिजनेस आवर के दौरान टिकट की कीमत 750 रुपये होगी और पब्लिक आवर के दौरान टिकट की कीमत 350 रुपये होगी.

 

  • ऑटो एक्स्पो में भाग लेने के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन टिकट बुक करा सकते हैं. इसके साथ ही कुछ चुनिंदा मेट्रो स्टेशनों पर भी टिकट उपलब्ध होंगी.
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कंस्ट्रक्शन सेक्टर में FDI से सस्ता होगा घर खरीदना? हो सकते हैं ये फायदे भी

मोदी सरकार ने बुधवार को सिंगल ब्रांड रिटेल ट्रेडिंग और कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 100 फीसदी एफडीआई  को मंजूरी दे दी है. यह मंजूरी ऑटोमैटिक रूट से निवेश को दी गई है. इसका मतलब ये है कि अब विदेशी कंपनियों को इन दोनों क्षेत्रों में निवेश के लिए केंद्र सरकार व भारतीय रिजर्व बैंक से निवेश से पहले अप्रूवल नहीं लेना पड़ेगा.

कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 100 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को बढ़ावा देने का फायदा जहां सस्ते घरों के तौर पर मिल सकता है. वहीं, इसका एक खतरा प्रॉपर्टी के दामों के बढ़ने के तौर पर भी सामने आ सकता है.

रियल इस्टेट में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को सरकार पहले ही मंजूरी दे चुकी है. हालांकि इसके बाद भी भारत में इस क्षेत्र में विदेशी कंपनियों का निवेश बड़े स्तर पर नजर नहीं आया है. अब  जब  सरकार ने कंस्ट्रक्शन सेक्टर में भी ऑटोमैटिक रूट से 100 फीसदी एफडीआई को मंजूरी दे दी है, तो विदेशी कंपनियों के भारत की तरफ देखने की उम्मीद बढ़ गई है.

घर खरीदना हो सकता है सस्ता

कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 100 फीसदी एफडीआई को मंजूरी देने का फायदा आम आदमी को सस्ते घर के तौर पर मिल सकता है. सेक्टर में विदेशी निवेश बढ़ने से देश में स्पर्धा का माहौल तैयार हो सकता है. ऐसे में हर कंपनी अपने ग्राहकों को कम दाम में बेहतर उत्पाद देने की कोश‍िश करेगी. इसका फायदा ये होगा क‍ि आम लोगों को कम दाम में बेहतर सुविधाओं के साथ अच्छे घर मिल सकते हैं.

बंद पड़े प्रोजेक्ट्स को मिलेगी सांस

प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को मंजूरी मिलने से देश में निवेश बढ़ेगा. इससे बंद पड़े प्रोजेक्ट्स को सहारा मिलेगा और इन्हें फिर से शुरू करने में मदद मिल सकती है. विदेशी कंपनियां घरेलू कंस्ट्रक्शन कंपनियों के साथ मिलकर काम कर सकती हैं. इससे बंद पड़े प्रोजेक्ट्स को रफ्तार मिल सकती है और घर मिलने में होने वाली देरी पर भी रोक लग सकती है.

बढ़ेगा रोजगार?

कंस्ट्रक्शन सेक्टर देश की जीडीपी में 8 फीसदी की हिस्सेदारी रखता है. दूसरी तरफ, इस सेक्टर में सबसे ज्यादा मजदूरों की जरूरत पड़ती है. यही वजह है कि यह क्षेत्र रोजगार देने में भी आगे रहता है. नेशनल रियल इस्टेट डेवलपमेंट काउंसिल (NAREDCO) का कहना है कि 2022 तक यह सेक्टर 7.5 करोड़ रोजगार पैदा करेगा. इस सेक्टर में विदेशी निवेश को 100 फीसदी मंजूरी मिलने से यह आंकड़ा हासिल करने में मदद मिल सकती है.

उल्टा भी हो सकता है असर

केंद्र सरकार ने 2005 में जब रियल इस्टेट में पहली बार विदेशी निवेश को मंजूरी दी थी, तो इससे प्रॉपर्टी के दाम में जबरदस्त बढ़ोतरी हुई. दरअसल विदेशी कंपनियों ने भारत में निवेश की शुरुआत तो की, लेकिन उनका फोकस लग्जरी और सुपर लग्जरी सेगमेंट पर रहा. उन्होंने किफायती घर देने पर कोई फोकस नहीं रखा और सिर्फ मुंबई-दिल्ली जैसे बड़े शहरों में लग्जरी प्रॉपर्टी तैयार करने पर अपना फोकस रखा.

कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 100 फीसदी एफडीआई की मंजूरी तब ही फायदेमंद साबित होगी, जब विदेशी निवेश को चरणबद्ध तरीके से देश में लागू किया जाएगा और इसका फोकस लग्जरी सेगमेंट के साथ ही उन कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट्स पर भी हो, जो मध्यमवर्गीय लोगों के लिए किफायती घर दिलाने के लिए अहम हैं.

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भारतीय मूल का किशोर बना ब्रिटेन में सबसे छोटी उम्र का करोड़पति

भारतीय मूल का एक किशोर ब्रिटेन में सबसे छोटी उम्र के करोड़पतियों में शुमार हो गया है। एक साल से कुछ ज्यादा समय में उसकी ऑनलाइन एस्टेट एजेंसी के कारोबार की कीमत 1.20 करोड़ पौंड (करीब 103 करोड़ रुपये) आंकी गई है।

अक्षय रूपारेलिया सिर्फ 19 साल के हैं। वह स्कूल में पढ़ते हैं। इस हफ्ते उनकी ‘डोरस्टेप्स. सीओ.यूके’ ब्रिटेन में 18वीं सबसे बड़ी एस्टेट एजेंसी बन गई है। सिर्फ 16 महीने पहले उन्होंने इस वेबसाइट को लांच किया था। अक्षय का दावा है कि इस अवधि में वह 10 करोड़ पौंड (करीब 860 करोड़ रुपये) कीमत की संपत्तियां बेच चुके हैं। अक्षय ने बताया कि अपनी कंपनी शुरू करने के लिए उन्होंने रिश्तेदारों से सात हजार पौंड (करीब 6 लाख रुपये) उधार लिए थे। अब उनकी कंपनी में दर्जनभर लोग कार्य करते हैं। उनकी कंपनी संपत्ति बेचने के लिए ब्रिटेन भर में स्वरोजगार माताओं की मदद लेती है। खास बात यह है कि संपत्ति बेचने के लिए हजारों पौंड वसूलने की बजाय उनकी कंपनी बहुत कम धनराशि लेती है।

अक्षय के पिता कौशिक (57) और मां रेणुका (51) दोनों ही सुन सकने में असमर्थ हैं। अक्षय को ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी में अर्थशास्त्र और गणित पढ़ने का प्रस्ताव मिला है, लेकिन उन्होंने फिलहाल कारोबार पर ही ध्यान देने का फैसला किया है।

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आधार से भारत सरकार के 9 बिलियन डॉलर बचे: नंदन नीलेकणी

इन्फोसिस के सह-संस्थापक नंदन नीलेकणी ने आधार कार्ड पर बड़ा बयान दिया है. उनका कहना है कि भारत सरकार की आधार कार्ड स्कीम ने करीब 1 बिलियन लोगों को जोड़ा है जिससे सरकारी खजाने के 9 अरब डॉलर बचे हैं.

इकोनॉमिक टाइम्स की खबर के मुताबिक, इस योजना को यूपीए सरकार ने लॉन्च किया था. लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे काफी जोरशोर से सपोर्ट किया. नीलेकणी ने ये बातें वर्ल्ड बैंक पैनल में डिजिटल इकोनॉमी पर चर्चा के दौरान कही. नीलेकणी बोले कि विकासशील देशों के लिए डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर बनाना आसान है. आधार कार्ड अब 100 करोड़ लोगों के पास है.

नीलेकणी ने कहा कि आधार कार्ड के यूनिक नंबर होने के कारण अब आप लोगों की पहचान कर सकते हो. जिससे पैसा सीधे उनके खाते में जाता है. उन्होंने कहा कि लगभग 50 करोड़ लोगों ने अपनी आईडी को बैंक खाते से जोड़ दिया है. भारत सरकार लगभग 12 बिलियन डॉलर सीधा बैंक खातों में भेज रही है, जो कि दुनिया का सबसे बड़ा कैश ट्रांसफर सिस्टम है.

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जय शाह ने वेब पोर्टल द वायर के ख़िलाफ़ 100 करोड़ की आपराधिक मानहानि का मुक़दमा दर्ज कराया

खास बातें

  1. रेलमंत्री पीयूष गोयल ने कहा था कि जय शाह ने कुछ भी ग़लत नहीं किया है
  2. गुजरात चुनावों से पहले इस विवाद के जल्दी खत्म होने के आसार नहीं
  3. इस मामले पर असली लड़ाई सियासत के मैदान में लड़ी जाएगी

नई दिल्‍ली: बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह के बेटे जय शाह ने वेब पोर्टल द वायर के ख़िलाफ़ 100 करोड़ की आपराधिक मानहानि का मुक़दमा दर्ज कराया है. रविवार को को जय शाह के बचाव में उतरे बीजेपी के बड़े नेता सोमवार को इस मुद्दे पर दिल्ली में ख़ामोश रहे, जबकि विपक्ष हमले पर हमला बोलता रहा. हमले की जद में अमित शाह से लेकर प्रधानमंत्री मोदी तक हैं. कांग्रेस को लग रहा है कि गुजरात चुनाव से पहले उसे वो मुद्दा मिल गया जिसकी तलाश थी. अमित शाह के बेटे जय शाह के कारोबार में नाटकीय उछाल को लेकर दिल्ली, जयपुर और लखनऊ तीनों शहरों में प्रेस कॉन्फ़्रेंस कर पार्टी ने अमित शाह से इस्तीफा मांगा और प्रधानमंत्री से चुप्पी तोड़ते हुए इस मामले की न्यायिक जांच कराने की भी मांग की. बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह के बेटे जय शाह के कारोबार पर ख़बर लिखने के मामले में जय शाह ने न्यूज़ वेबसाइट द वायर के ख़िलाफ़ मानहानि का मुकदमा दायर कर दिया है.

सोमवार को अपने ख़िलाफ़ छपी रिपोर्ट को लेकर जय शाह ने अहमदाबाद की कोर्ट में 100 करोड़ का केस कर दिया. रविवार को ही बीजेपी की तरफ़ से रेलमंत्री पीयूष गोयल ने कहा था कि जय शाह ने कुछ भी ग़लत नहीं किया है, उन्होंने सारे लोन चुकाए हैं और कुछ भी ग़लत नहीं किया है. उधर सोमवार को उनके बचाव में उतरी बीजेपी दिल्ली में चुप रही, लेकिन लखनऊ में उसने जवाबी हमला बोला.

योगी सरकार में स्वास्थय मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने लखनऊ में कहा कि गुजरात चुनावों से पहले कांग्रेस जानबूझ कर इस मामले को तूल दे रही है. उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व से सवाल पूछा कि क्यों नेशनल हेराल्ड मामले में उन्होंने डिफेमेशन केस दायर किया था. इस राजनीतिक बयानबाज़ी से साफ है कि गुजरात चुनावों से पहले ये विवाद जल्दी खत्म होगा इसके आसार फिलहाल दिखाई नहीं देते. मामला अदालत में है, लेकिन इसकी असली लड़ाई सियासत के मैदान में लड़ी जानी है, ये एहसास अब सबको है.