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CBI में निकली वैकेंसी, ऐसे होगा सलेक्शन

सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन अर्थात CBI ने सब-इंस्पेक्टर और इंस्पेक्टर के पद पर वैकेंसी निकाली है. इच्छुक और योग्य उम्मीदवार के 4 जून से पहले आवेदन कर सकते हैं. वहीं आवेदन करने से पहले वैकेंसी से जुड़ी जरूरी जानकारिया पढ़ लें.

पदों का ब्यौरा

सब-इंस्पेक्टर

इंस्पेक्टर

पे- स्केल

9300 से 34800 रुपये.

योग्यता

उम्मीदवारों ने किसी भी मान्यता प्राप्त संस्थान से ग्रेजुएशन की डिग्री ली हो.

आयु सीमा

इन पदों के लिए 20 से 30 साल तक के उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं.

चयन प्रक्रिया

आवेदकों का चयन डाक्यूमेंट वेरिफिकेशन, फिजिकल टेस्ट और कंप्यूटर परीक्षा के आधार पर होगा.

आवेदन फीस

उम्मीदवारों को 100 रुपये फीस का भुगतान करना होगा.

कैसे करें अावेदन

उम्मीदवार CBI की आधिकारिक वेबसाइट cbi.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.

अंतिम तारीख

4 जून 2018

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भारती एयरटेल 2 साल के नए हाई पर, एक हफ्ते में 16% बढ़े शेयर

टाटा टेलीसर्विसेज के मोबाइल कारोबार के अधिग्रहण से एयरटेल

मजबूत होगी: विशेषज्ञ

दूरसंचार क्षेत्र के जानकारों का मानना है कि टाटा टेलीसर्विसेज के उपभोक्ता मोबाइल कारोबार के अधिग्रहण से दूरसंचार बाजार में भारती एयरटेल की स्थिति मजबूत होगी और उसे आइडिया-वोडाफोन के विलय से बनने वाली इकाई का बेहतर मुकाबला करने में मदद मिलेगी। कुछ विश्लेषकों का तो यहां तक कहना है कि टाटा के टेलीफोनी कारोबार के अधिग्रहण से सुनील मित्तल की एयरटेल को आइडिया-वोडाफोन के विलय के बाद भी अग्रणी स्थिति बनाए रख पाने में मदद मिलेगी।

उल्लेखनीय है कि भारती एयरटेल ने टाटा समूह के घाटे में चल रहे मोबाइल टेलीफोनी कारोबार का अधिग्रहण करने की घोषणा की है।इसके तहत एयरटेल एक नवंबर से 19 दूरसंचार सर्किलों में टाटा टेलीसर्विसेज (टीटीएसएल) व टाटा टेलीसर्विसेज महाराष्ट्र (टीटीएमएल) के चार करोड़ से अधिक ग्राहकों का अधिग्रहण करेगी। यह अधिग्रहण ‘कोई ऋण नहीं-कोई नकदी नहीं’ आधार पर किया जाएगा।

भारती एयरटेल-टाटा की घोषणा पर ​टिप्पणी करते हुए बैंक आफ अमेरिका मेरिल लिंच (बोफा-एमएल) ने अपनी ताजा रपट में कहा है हमारे विचार में यह सौदा भारती एयरटेल के लिए बहुत ही सकारात्मक है और शायद वह वोडाफोन-आइडिया विलय के बाद भी बाजार भागीदारी के लिहाज से अग्रणी बनी रह सकती है।

वित्तीय सेवा फर्म यूबीएस का कहना है कि फौरी आय गिरावट से इतर भारती एयरटेल नेटवर्क, स्पेक्ट्रम व पहुंच को देखते हुए दीर्घकालिक विजेता के रूप में उभरी है। ड्यूश बैंक के अनुसार इस सौदे के साथ दूरसंचार क्षेत्र में ‘एकीकरण’ मोटे तौर पर पूरा हो गया है। इसी तरह रेटिंग एजेंसी फिच का कहना है कि टाटा टेली व भारती एयरटेल का सौदा दोनों कंपनियों के लिए सकारात्मक है और इससे एयरटेल की ऋण प्रोफाइल सुधरेगी।

एजेंसी का कहना है कि इस सौदे में एयरटेल परिचालन के अधिग्रहण के लिए किसी राशि का भुगतान नहीं कर रही है इसमें कोई कर्ज नहीं है और अतिरिक्त स्पेक्ट्रम का फायदा भी उसे इसमें मिलेगा। एजेंसी ने अपनी रपट में कहा है कि सौदे के बाद भारती की कारोबार बाजार हिस्सेदारी 4-5 प्रतिशत बढ़कर 37-38 प्रतिशत हो जाएगी।