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कौन हैं इस साल के भारतीय यूनिकॉर्न हंटर्स। मिलिए सभी शीर्ष इंवेस्टर्स से!

इंवेस्टर्स किसी कंपनी में अपना निवेश एक नीति के तहत करते हैं। हर इंवेस्टर की अपनी एक विशेष नीति और कुछ मानक होते हैं जिनसे वो आवेदक कंपनी को परखता है।

Indian unicorn

जब किसी स्टार्टअप की मार्किट वेल्युएशन 1 अरब डॉलर या 7000 करोड़ रुपए हो जाती है तब वह यूनिकॉर्न स्टार्टअप कहलाता है। ऐसे ही स्टार्टअप को पहचान कर उसके प्रारंभिक काल मे निवेश करने वाले इंवेस्टर यूनिकॉर्न हंटर कहलाते हैं। इस साल भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम ने पिछले सभी रेकॉर्ड तोड़ कर विश्व भर को आचम्भित कर दिया। अभी बीती छमाही की बात करें तो सेकोइया इंडिया सबसे ज्यादा इन्वेस्टमेंट करने वाली प्राइवेट इक्विटी इन्वेस्टमेंट कंपनी रही वहीं एस्सेल पार्टनर्स, ब्लूम वेंचर्स के साथ साथ कुछ और कम्पनियों ने भी भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाई। आइए जानते हैं इन कम्पनियों के बारे में!

सेकोइया कैपिटल इंडिया

सेकोइया कैपिटल इंडिया देश की अग्रणी इंवेस्टर कंपनी है जो कि सीड, अर्ली, ग्रोथ और लेट स्टेज कंपनियों को फंड्स प्रदान करती है। इसकी डाउनलिस्ट में भारत और साउथ ईस्ट एशिया की 200 से ज्यादा कंपनियां हैं जिनमे जिलिंगो, बीरा, म्यु सिग्मा, फ्रेशवर्क्स, ध्रुवा, पाइन लैब्स, फ्रीचार्ज और जस्ट डायल जैसी यूनिकॉर्न कम्पनियां हैं। इस साल इस कंपनी ने डाउटनट, खाताबूक, अजानी स्पोर्ट्स, बुलबुल, फ्लाईनोट, हिप्पो वीडियो, स्किलमैटिक्स और इंटरव्यूबिट अकैडमी जैसे स्टार्टअप्स को फंड्स प्रदान किए हैं।

एस्सेल पार्टनर्स

Accel partners logo

2008 में एरस्मिक वेंचर फण्ड के अधिग्रहण के साथ एस्सेल पार्टनर्स का भारत मे पदार्पण हुआ और तब से यह 100 से ज्यादा कंपनियों को फंड्स प्रदान कर चुकी है। इस कंपनी की डाउनलिस्ट में बुकमाईशो, ब्लैकबक, ब्लूस्टोन, फ्लिपकार्ट, फ्रेशडेस्क, पोर्शिया, पावर2एसएमई, स्विगी और अर्बनक्लैप जैसे यूनिकॉर्न कंपनियां शामिल हैं।

ब्लूम वेंचर एडवाइजर्स

Blume venture advisors

ब्लूम वेंचर्स अर्ली स्टेज, सीड और प्राइवेट इक्विटी फंडिंग प्रदान करने के साथ साथ एक्टिव मेंटरिंग और सपोर्ट भी प्रदान करती है। इसकी डाउनलिस्ट में कैशीफाई, डुंजो, प्रिंटो, यूनोकोइन, हेल्दीफाईमी, बीहाइव वर्कस्पेस जैसी बड़ी कंपनियां हैं। इस साल के बड़े इन्वेस्टमेंट्स में मुंबई की हेल्थअश्योर को सीरीज A राउंड में 2.5 मिलियन डॉलर का फंड्स प्रदान किया गया, वहीं बैंगलोर की कंपनी आगारा लैब्स को प्री सीरीज A राउंड में 2.5 मिलियन डॉलर प्रदान किए गए।

इन बड़ी फर्म्स के अतिरिक्त बहुत सी कम्पनियां स्टार्टअप्स को भिन्न स्टेज के फंड्स प्रदान करती हैं जिनसे वेबसाइट के माध्यम से संपर्क करके आप अप्लाई कर सकते हैं।

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गगनशक्ति 2018: वायुसेना का बड़ा शक्ति प्रदर्शन, एयरचीफ मार्शल बोले- आसमान को हिलाने का है माद्दा

पिछले तीन दशक में भारतीय वायुसेना के सबसे बड़े अभ्यास ‘गगन शक्ति-2018’ में पिछले तीन दिनों के अंदर करीब 1100 विमानों ने हिस्सा लिया। जिनमें करीब आधा लड़ाकू विमान थे। वायुसेनाध्यक्ष बी.एस. धनोवा ने सोमवार को कहा कि पाकिस्तान बेहद करीब से इस ऑपरेशन पर नज़र रख रहा था जो “आसमान को हिला रहा है और धरती को चीर रहा है।”

अब वायुसेना अपना अभ्यास वेस्टर्न सेक्टर से ईस्टर्न सेक्टर में करने जा रही है। धनोवा ने कहा कि सभी तरह के प्रशिक्षण को 22 अप्रैल तक दो चरणों में चलनेवाले अभ्यास के चलते सस्पेंड किया जा रहा है। अमूमन यह युद्ध के समय में ऐसा होता है जब सेना की तरफ से सभी गतिविधियों को रोक दिया जाता है।

वायुसेना ने आकाश से दुश्मन के खात्मे का दम दिखाया
भारतीय वायुसेना का युद्धाभ्यास ‘गगन शक्ति 2018’ पिछले एक सप्ताह से पश्चिमी क्षेत्र में जारी है। पैराशुट ब्रिगेड की बटालियन के साथ वायुसेना ने आकाश से दुश्मन की धरती पर निशाना साधने का अभ्यास किया। वहीं पश्चिम बंगाल के खड़गपुर स्थित कलाईकुंडा एयरबेस से उड़े सुखाई 30 लड़ाकू विमानों ने भी दुश्मन को नेस्तेनाबूत करने का दम दिखाया। इस दौरान लक्षद्वीप तक की उड़ान के दौरान दो बार आकाश में ही सुखोई से सुखोई में ईंधन भरा गया।

वायुसेना ने तैयारी और दमखम को दो हिस्सों में परखा है। पहला पश्चिमी सीमा में और दूसरा उत्तरी सीमा पर। पश्चिमी सीमा के लिए पाकिस्तान सरकार को पूर्व सूचना दी गई। इस चरण में भारतीय सेना पाकिस्तान की हरकतों का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए दम दिखाया। दूसरे चरण में तिब्बत की ओर से चीन की सेना के खिलाफ मोर्चा खोलने के लिए अभ्यास किया।

जैसलमेर, जोधपुर, खड़गपुर में सैन्य विमानों ने हिस्सा लिया
लड़ाकू विमान तेजस वायुसेना में शामिल होने के बाद पहली बार गगन शक्ति युद्धाभ्यास में हिस्सा ले रहा है। सुखोई-30 एमकेआई, मिग-21, मिग-29, मिग 27, जगुआर व मिराज जैसे 600 लड़ाकू विमान शामिल हैं। बड़े परिवहन विमान सी-17 ग्लोब मास्टर, सी-130 जे सुपर हरक्यूलिस और अटैक हेलिकॉप्टर एमआई 35, एमआई 17 वी 5, एमआई 17, एएलएच ध्रुव, एएलएच भी शामिल हैं।

अड्डों पर धुआंधार गोलीबारी की गई
जैसलमेर में वायुसेना के विमानों ने विभिन्न ठिकानों को निशाना बनाकर युद्धाभ्यास किया।
‘गगन शक्ति 2018’ युद्धाभ्यास में पहली बार महिला फाईटर पायलट हिस्सा ले रही हैं। युद्धाभ्यास के दौरान स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस की पूरी स्कवाड्रन ताकत दिखा रही है।