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AAI Recruitment 2018: 542 पदों पर निकली है भर्ती, 12 वीं पास होनी चाहिए योग्यता

AAI Recruitment 2018: एयरपोर्ट ऑथिरिटी ऑफ इंडिया ( AAI) ने नई नौकरियों के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है. ये नोटिफिकेशन 542 पदों पर भर्ती के लिए है. इन भर्तियों के लिए अप्लाई करने की प्रक्रिया ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर आज से शुरू हो गई है. इन नौकरियों के लिए 27 अप्रैल तक अप्लाई किया जा सकता है. इन नौकरियों में 40 हजार रुपये तक महीने की सैलेरी मिल सकती है.

एप्लिकेशन अप्लाई करने की लिए कैंडिडेट्स को ऑफिशियल वेबसाइट www.aai.aero पर जाना होगा.

कुल वैकेंसी : 542

महत्वपूर्ण तारीख

एप्लिकेशन की शुरुआत : 26 मार्च
आवेदन की आखिरी तारीख : 27 अप्रैल

योग्यता : 12th पास

आयु सीमा :

न्यूनतम : 27 साल
अधिकतम : 32 साल

सिलेक्शन प्रोसेस : एप्लिकेशन अप्लाई करने वाले कैंडिडेट्स को पहले रिटेन एग्जाम देना होगा. उसके बाद इंटरव्यू के लिए कैंडिडेट्स को सिलेक्ट किया जाएगा.

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काठमांडू विमान हादसा: तो क्या पायलट की ग़लती से गई 49 लोगों की जान?

नेपाल की राजधानी काठमांडू में त्रिभुवन एयरपोर्ट पर सोमवार को हुए विमान हादसे में 49 लोग मारे गए.

ये हादसा बांग्लादेश की निजी एयरलाइन ‘यूएस-बांग्ला’ के एक विमान के एयरपोर्ट पर हुई क्रैश लैंडिंग की वजह से हुआ.

हादसे की वजह जानने के लिए जांच शुरू होने से पहले आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गए हैं.

हादसे के लिए नेपाल एयरपोर्ट अथॉरिटी और यूएस बांग्ला एयरलाइंस एक-दूसरे को ज़िम्मेदार बता रहे हैं. लेकिन इस पूरे घटनाक्रम के मद्देनज़र जिस एक शख़्स की तरफ सबकी निगाहें जा रही हैं, वो हैं दुर्घटनाग्रस्त विमान से ज़िंदा बच निकले पायलट आबिद हसन.

विमान हादसाइमेज कॉपीरइटAFP

किस बात को लेकर खींचतान?

यूएस बांग्ला एयरलाइंस का कहना है कि फ्लाइट के पायलट ने किसी तरह की कोई ग़लती नहीं की, नेपाल के एयरपोर्ट ट्रैफिक कंट्रोल यानी एटीसी से मिली जानकारी के आधार पर ही पायलट ने विमान लैंड करवाने की कोशिश की.

लेकिन नेपाल एयरपोर्ट ट्रैफिक कंट्रोल इस हादसे के लिए पायलट आबिद को ज़िम्मेदार बता रहा है.

एयरपोर्ट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी के डायरेक्टर जनरल संजीव गौतम ने कहा, “विमान को एयरपोर्ट के दक्षिण से रनवे पर उतरने की इजाज़त दी गई थी. लेकिन विमान उत्तर की तरफ से रनवे पर उतरा. क्योंकि विमान की असामान्य लैंडिंग हुई है, ऐसे में अभी ज़्यादा कुछ नहीं कहा जा सकता.”

नेपाल में विमान हादसाइमेज कॉपीरइटAFP

विमान हादसा: पायलट और ट्रैफिक कंट्रोल की बातचीत

ढाका में यूएस बांग्ला एयरलाइंस के सीईओ आसिफ़ इमरान ने हादसे के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की.

आसिफ इमरान ने कहा, “हादसे से पहले विमान पायलट और काठमांडू एयर ट्रैफिक कंट्रोल की बातचीत की एक क्लिप मिली है. ये क्लिप यू-ट्यूब पर भी उपलब्ध है.

  • एयरपोर्ट ट्रैफिक कंट्रोल की तरफ से पायलट को गलत संदेश दिए गए, जिसके चलते ये एक्सीडेंट हुआ है. कंट्रोलर की तरफ से गड़बड़ी की गई.
  • तीन मिनट के भीतर ट्रैफिक कंट्रोल की तरफ से कई मैसेज पायलट को दिए गए. मुझे लगता है कि इन मैसेज के चलते पायलट उलझन में आ गया. ये भी हादसे की वजह हो सकती है.
  • पायलट को गलत दिशा में रनवे से घुसने के लिए कहा गया था.

कुछ चश्मदीदों के अलावा नेपाल मीडिया का भी कहना है कि हादसे से पहले विमान सामान्य तरीके से रनवे की तरफ नहीं आता दिखा था.

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क्या पायलट से हुई ग़लती?

अब तक मिली जानकारी की मानें तो हादसे की वजह ट्रैफिक कंट्रोल और पायलट के बीच बेहतर संवाद न होना हो सकती है.

यूएस बांग्ला की तरफ से हादसे के लिए पायलट के दोषी नहीं होने की बात कही जा रही है.

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आसिफ़ इमरान कहते हैं, ‘कैप्टन आबिद हसन ज़िंदा हैं. वो इससे पहले एयरफोर्स में थे. इससे पहले वो इंस्ट्रक्टर थे. हमने अब तक ट्रैफिक कंट्रोल और पायलट की जो बात सुनी है, हमें नहीं लगता कि पायलट ने कोई ग़लती की है. अगर आप भी वो बातचीत सुनेंगे, तो आप भी यही कहेंगे.’

बांग्लादेश सिविल एविएशन अथॉरिटी के चेयरमैन नईम हसन ने हादसे के बाद तीन सदस्यों की कमेटी बना दी है. ये टीम जल्द ही काठमांडू में जांच शुरू करेगी.

दुर्घटनाग्रस्त विमान हादसे के वक्त अचानक कितने नीचे आ गया था, इसकी एक झलक फ्लाइट रडार 24 के शेयर किए हुए ग्राफ से मिलती है.

फ्लाइट रडार 24 लिखता है, ‘ग्राफ से पता चलता है कि क़रीब 8 बजकर 26 मिनट पर विमान 4400 फीट की ऊंचाई पर आ गया और फ़िर 6600 फीट की ऊंचाई तक गया. और फ़िर क़रीब आठ बजकर 33 मिनट पर क्रैश हो गया.’

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हादसे के बाद विमान से ब्लैक बॉक्स को भी बरामद कर लिया गया है. ब्लैक बॉक्स के खुलने के बाद ही हादसे की सही वजह पता चल सकती है.

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सीलिंग: लाखों व्यापारियों को मिली बड़ी राहत, रंग लाई DDA-एलजी की बैठक

जहां एक ओर दिल्ली में सीलिंग के खिलाफ सात लाख से अधिक दुकानें बंद हैं, वहीं शुक्रवार सुबह सीलिंग पर बढ़ते विरोध के बीच उपराज्यपाल निवास में दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) की बैठक हुई। इस बैठक में सीलिंग का समाधान निकल आया है। बैठक में लिए गए फैसले के बाद राजधानी दिल्ली में सीलिंग से परेशान लोगों को बड़ी राहत मिली है।

डीडीए की शुक्रवार को एलजी हाउस में हुई बैठक में लोगों को राहत देने के लिए कई बड़े फैसले किए गए। बैठक में FAR (फ्लोर एरिया रेश्यो) में बदलाव को मंजूरी दे दी गई है। इसके अलावा 12 मीटर से चौड़ी सड़कों पर बने गोदामों को नियमित करने का फैसला किया गया है। जानकारी के मुताबिक, सीलिंग पर राहत के लिए उपराज्यपाल अनिल बैजल के निवास पर हुई बैठक में डीडीए अध्यक्ष भी शामिल हुए। डीडीए की विशेष बोर्ड बैठक में कई अहम फैसलों के मद्देनजर सीलिंग से व्यापारियों को राहत दिलाने का मसौदा तैयार हुआ है।

इसमें तीन प्रस्तावों पर लगी मुहर है। इसके तहत एफएआर बढ़ाकर 350 किया जाएगा। वहीं, दूसरे प्रस्ताव के तहत कन्वर्जन शुल्क 10 गुना से घटाकर सिर्फ दोगुना किया जाएगा। तीसरे प्रस्ताव में 12 मीटर चौड़ी सड़कों पर कृषि गोदाम नियमित किए जाएंगे। यह भी जानकारी मिली है कि तीन दिन तक इन पर जनता की आपत्तियां  ली जाएंगीं। इसके बाद तीन दिन बाद फिर बैठक होगी। इसमें सभी प्रस्तावों पर मुहर लगेगी।

एलजी निवास पर हुई बैठक में डीडीए सदस्य भी शामिल हुए। माना जा रहा है कि दोपहर बाद राजधानी को सीलिंग से राहत दिलाने का एलान हो सकता है।

बता दें कि इस विशेष बैठक के लिए डीडीए ने पूरी तैयारियां कर ली थीं। जानकारी के मुताबिक, एलजी अनिल बैजल और डीडीए सदस्यों की बैठक में सीलिंग से राहत दिलाने के लिए प्रस्ताव रखे गए।

शुक्रवार की बैठक मे मंजूर हुए निर्णयों को अंतिम स्वीकृति के लिए शहरी आवास एवं विकास मंत्रालय में भेजा जाएगा। इस बीच डीडीए ने बोर्ड बैठक को लेकर ड्राफ्ट प्लान तैयार कर लिया है।

कहा जा रहा है कि दिल्ली को सीलिंग से निजात दिलाने के लिए डीडीए मास्टर प्लान-2012 में संशोधन किया जाएगा। इस संशोधन के विकल्पों को लेकर 24 और 30 जनवरी को डीडीए के अधिकारियों और शहरी आवास एवं विकास मंत्रालय की लबी बैठकें हो चुकी हैं।

शुक्रवार की बैठक में व्यापारियों को एफएआर (फ्लोर एरिया रेशियो) में भी बड़ी राहत मिल सकती है। इसे 180 से बढ़ाकर 300 से 350 तक किया जा सकता है। ज्यादा सभावनाएं 300 किए जाने की बनी हुई हैं।

इसके अलावा दिल्ली में एक समान एफएआर की व्यवस्था भी लागू की जा सकती है। इतना ही नहीं, कनवर्जन चार्ज और उस पर लगी पैनाल्टी पर भी व्यापारियो को बड़ी राहत देने का निर्णय बैठक में लिया जा सकता है।

डीडीए के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार प्रस्ताव का पूरा ड्राफ्ट लगभग तैयार है। 4 से 5 प्रस्ताव बनाए गए हैं।डीडीए अधिकारियों के अनुसार, बोर्ड बैठक में पास हुए प्रस्तावों को आम तौर पर जनता की प्रतिक्रिया के बाद मंत्रालय से मजूरी दी जाती है।

जनता को राय देने के लिए 45 दिन का समय दिए जाने का नियम है, लेकिन अब इसके लिए तीन दिन का समय देने की तैयारी भी की जा रही है। यानी तीन दिन में ही पब्लिक से मिली शिकायतों और सुझावों पर विचार किया जाएगा।