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Box Office Report: आलिया की राज़ी ने चार दिन में इतना पैसा कमाया

राज़ी ने बॉक्स ऑफ़िस पर चौथे दिन भी कमाल का प्रदर्शन किया है। हरिंदर सिक्का ने उस दौरान हुई एक सच्ची घटना को किताब के पन्नों में कैद किया था। सहमत का वो किरदार आलिया भट्ट ने निभाया और फिल्म में विक्की कौशल, रजित कपूर, सोनी राजदान, अमृता खानविलकर, शिशिर शर्मा और जयदीप अहलावत ने काम किया है। करीब दो घंटे 18 मिनट की इस फिल्म को प्रचार के खर्च के साथ 30 करोड़ रूपये में बनाया गया और देश में 1200 व वर्ल्ड वाइड 450 स्क्रीन्स में रिलीज़ किया गया।

पाकिस्तानी हरकतों की जासूसी कर भारत को ख़ुफ़िया जानकारी देने की बहादुरी करने वाली सहमत का रोल निभा कर आलिया भट्ट इन दिनों देश-दुनिया में अपने नाम की तालियां बजवा रही हैं और यही कारण हैं कि उनकी फिल्म राज़ी ने सोमवार को भी कलेक्शन का कमाल दिखाया है। मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी फिल्म राज़ी ने घरेलू बॉक्स ऑफ़िस पर रिलीज़ के चौथे दिन छह करोड़ 30 लाख रूपये का कलेक्शन किया है। राज़ी ने सात करोड़ 53 लाख से ओपनिंग ली थी यानि हफ़्ते के पहले सामान्य दिन पर सिर्फ साढ़े 16 प्रतिशत की गिरावट आई है जो बेहतरीन मानी जा रही है। सबसे बड़ी बात कि फिल्म को देश के सभी इलाकों में सराहा गया है और तगड़ी माउथ पब्लिसिटी भी मिल रही है। राज़ी को चार दिनों में अब 39 करोड़ 24 लाख रूपये का कलेक्शन हासिल हो चुका है।

राज़ी के पास अब ये पूरा हफ़्ता है, शुक्रवार के पहले तक जब वो अपना कलेक्शन और बेहतर साबित कर सकती है। शुक्रवार को हॉलीवुड की फिल्म डेडपूल रिलीज़ हो रही है और माना जा रहा है कि एवेंजर्स इनफिनिटी वॉर की तरह इस फिल्म को भी जबरदस्त सफलता मिल सकती है। राज़ी का 75 करोड़ लाइफ़ टाइम कलेक्शन होने का अनुमान लगाया गया है। फिल्म राज़ी पहले ही इस साल की पांचवी सबसे अधिक वीकेंड कमाई करने वाली फिल्म बन चुकी है। राज़ी, साल 2008 में आई हरिंदर सिक्का की किताब ‘कॉलिंग सहमत’ की कहानी पर आधारित है। राज़ी कहानी है साल 1971 की जब भारत और पाकिस्तान के बीच सीमा पर तनाव चरम पर था। तभी आये एक ‘सीक्रेट कोड’ ने भारतीय सेना के हौसलों को बुलंद कर दिया था। कश्मीर की कॉलेज जाने वाली एक लड़की सहमत ने ऐसा कर दिखाया था। पिता की अंतिम इच्छा को पूरा करने निकली वो लड़की अपनी देशभक्ति के लिए जासूस बन जाती है। पाकिस्तान के आर्मी जनरल के लड़के से शादी कर लेती है और उसका मिशन होता है कि वो हर रोज़ भारतीय ख़ुफ़िया तंत्र को पाकिस्तान गतिविधियों की जानकारी पहुंचाये।

 

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हैदराबाद का बेहतरीन प्रदर्शन जारी, दिल्ली को मिली 9 विकेट से करारी हार

IPL के 42वें मैच में दिल्ली के कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया और पहले बल्लेबाजी करते हुए दिल्ली ने निर्धारित 20 ओवर में 5 विकेट के नुकसान पर 187 रन का सम्मानजनक स्कोर खड़ा किया। हैदराबाद ने 188  रन के लक्ष्य को एक विकेट के नुकसान पर 18.5 ओवर में हासिल कर लिया इस मैच में सनराइजर्स हैदराबाद की शुरुआत अच्छी नहीं रही उसके सलामी बल्लेबाज शिखर धवन और एलेक्स हेल्स ने पहले विकेट के लिये मात्र 15 रन ही जोड़े थे कि एलेक्स हेल्स 14 रन बनाकर आउट हो गये। इसके बाद दिल्ली के गेंदबाज पूरे मैच में शिखर धवन और कप्तान केन विलियम्सन के आगे बेबस नजर आए।

शिखर धवन और केन विलियम्स ने लगाए अर्धशतक

88  रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी हैदराबाद की टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही उसका पहला विकेट मात्र 15 रन पर गिर गया लेकिन इसके बाद बल्लेबाजी करने आए कप्तान केन विलियम्सन ने शिखर धवन के साथ मिलकर दिल्ली के गेंदबाजों की बखिया उधेड़ दी। शिखर धवन ने जहां अपनी 50 गेंदों की पारी में  92 रन बनाए उन्होंने इस दौरान 9 चौके और  4  छक्के लगाए। तो वहीं कप्तान केन विलियम्सन ने अपनी 53 गेंदों की पारी में  83 रन बनाए इस दौरान उन्होंने 8 चौके और  2  छक्के लगाए। दोनों ही बल्लेबाज अपनी टीम को विजय दिलाकर नाबाद लौटे।

ऋषभ पंत ने लगाया नाबाद शतक

दिल्ली की ओर से पृथ्वी शॉ और जेसन रॉय पारी की शुरुआत के लिये बल्लेबाजी करने पहले विकेट के लिये मात्र 21 रन जोड़ने के बाद दोनों ही बल्लेबाज शाकिब का शिकार बन गये। इसके बाद दिल्ली के स्टार बल्लेबाज ऋषभ पंत ने कप्तान अय्यर के साथ मौर्चा संभाला एक रन लेने के चक्कर में अय्यर भी रन आउट हो गये अब पंत ने हर्षल पटेल के साथ मिलकर दिल्ली की पारी को आगे बढ़ाया। दोनों ने 55 रन की साझेदारी कर दिल्ली को शुरुआती झटकों से उबारा अब पंत खुल चुके थे और अपना अर्धशतक भी पूरा कर चुके थे। इसके बाद पंत ने ग्लेन मैक्सवेल के साथ 31 गेंदों पर 63 रनों की तेज साझेदारी की। जिसमें मैक्सवेल ने मात्र 9 रन का योगदान दिया। पंत ने आज एंकर की भूमिका निभाते हुए नाबाद शतक जमाया। उन्होंने कुल 63 गेंदों का सामना किया और इस दौरान 15 चौके और  7 छक्के लगाकर नाबाद 128 रन बनाए।

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किंग्स XI पंजाब ने राजस्थान को व मुंबई इंडियंस ने कोलकाता को हराया। फोटो विश्लेषण

IPL के 37वें मैच में मुंबई ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवर में 4 विकेट खोकर 181 रन बनाए। जवाब में 182 रन का पीछा करने उतरी कोलकाता की टीम निर्धारित 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 168 रन ही बना सकी और 13 रन से मैच हार गई।

केकेआर की ओर से रॉबिन उथप्पा ने लगाया अर्धशतक लेकिन टीम को जीत नहीं दिला पाए।

नीतीश राणा ने भी अपनी टीम के लिये 31 रनों की उपयोगी पारी खेली लेकिन वो अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके।

कप्तान दिनेश कार्तिक ने आखिरी के ओवरों में तेजी से 26 गेंदों पर 36 रन बनाए लेकिन तब तक मैच मुंबई के हाथों में जा चुका था। कार्तिक अंत तक आउट नहीं हुए।

पहले बल्लेबाजी में बेहतरीन पारी खेलने वाले हार्दिक पांड्या ने गेंदबाजी में भी बढ़िया हाथ दिखाया उन्होंने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए 4 ओवरों में 19 रन देकर 2 विकेट हासिल किये।

मुंबई इंडियंस की ओर से सलामी बल्लेबाज सूर्य कुमार यादव ने लगाया अर्धशतक

सलामी बल्लेबाज इविन लुइस ने भी 43 रनों की बेहतरीन पारी खेली उन्होंने सूर्य कुमार यादव के साथ पहले विकेट के लिये 9.2 ओवर में 91 रन जोड़कर बेहतरीन शुरुआत दी।

आखिरी ओवर्स में मुंबई इंडियंस की तरफ से हार्दिक पांड्या ने तेजी से 35 रन बनाए, और टीम का स्कोर 181 रन तक पहुंचाया।

केकेआर की ओर से आंद्रे रसेल ने 2 ओवर में 12 रन देकर दो खिलाड़ियों को आउट किया।

रसेल के अलावा केकेआर की ओर से सुनील नरेन ने भी 4 ओवर में 35 रन देकर 2 सफलताएं हासिल की।

IPL के 38वें मैच में राजस्थान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 9 विकेट पर 152 रन बनाए। पंजाब को जीत के लिए 153 रन बनाने थे जिसे इस टीम ने 18.4 ओवर में चार विकेट पर हासिल कर लिया और 6 विकेट से मैच जीत लिया।

पंजाब के लिए लोकेश राहुल ने अर्धशतकीय पारी खेली और 54 गेंदों पर नाबाद 84 रन बनाकर अपनी टीम को जीत दिला दी।

करुण नायर ने 23 गेंदों पर 31 रन बनाए और उन्हें अनुरित सिंह ने क्लीन बोल्ड कर दिया।

अक्षर पटेल को उपरी क्रम पर आजमाया गया लेकिन वो सिर्फ 4 रन ही बना पाए।

राजस्थान के खिलाफ दूसरी पारी में पंजाब के तूफानी बल्लेबाज गेल चल नहीं पाए और 8 रन पर आउट हो गए।

मयंक अग्रवाल 2 रन बनाकर बेन स्टोक्स की गेंद पर आउट हो गए।

राजस्थान के लिए सबसे बड़ी पारी जोस बटलर ने खेली। उन्होंने 39 गेंदों पर 51 रन बनाए।

संजू सैमसन ने टीम के लिए 23 गेंदों पर 28 रन की पारी खेली और टे की गेंद पर आउट हुए।

टीम के कप्तान अजिंक्य रहाणे का बल्ला नहीं चला और वो सिर्फ 5 रन बनाकर आउट हो गए।

पंजाब के गेंदबाज मुजीब उर रहमान सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने तीन विकेट झटके।

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IPL के रोमांचक मुकबाले में दिल्ली ने राजस्थान को 4 रन से हराया। फोटो विश्लेषण!

IPL के 32वां मैच बेहद रोमांचक रहा इस मैच में दिल्ली डेयरडेविल्स ने राजस्थान रॉयल्स को 4 रन से हरा दिया। इस मैच में राजस्थान रॉयल्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है। लेकिन बारिश की खलल के चलते यह मैच 20-20 ओवरों की बजाए 18-18 ओवर का कर दिया गया।

जब दिल्ली की टीम का स्कोर 17.1 ओवर की समाप्ति पर 6 विकेट के नुकसान पर 196 रन था तभी बारिश ने एक बार फिर खेल में बाधा डाली। जिसके चलते थोड़ी देर तक फिर से खेल बाधित रहा और दोबारा खेल शुरू होने पर डकवर्थ लुइस नियम के मुताबिक राजस्थान को जीत के लिये 12 ओवर में 151 रन का संशोधित लक्ष्य दिया गया।

ओपनर बल्लेबाजों ने राजस्थान को दी तेज शुरुआत

राजस्थान के ओपनर बल्लेबाजों ने बेहतरीन शुरुआत करते हुए पहले विकेट के लिये मात्र 6.4 ओवर में 82 रन बना डाले।

जोस बटलर ने लगाया अर्धशतक

जोस बटलर ने मात्र 26 गेंदों पर 67 रन की तेज पारी खेली।

डॉर्सी शॉर्ट ने खेली बेहतरीन पारी

राजस्थान के सलामी बल्लेबाज डॉर्सी शॉर्ट ने भी बेहतरीन पारी खेली। उन्होंने 25 गेंदों पर 44 रन बनाए।

ऋषभ पंत ने खेली जोरदार पारी

ऋषभ पंत ने आज दिल्ली के लिए बेहतरीन पारी खेलते हुए मात्र 29 गेंदों पर 69 रन बनाए। उनकी इस बेहतरीन पारी के चलते उन्हें ‘मैन ऑफ द मैच’ के पुरस्कार से नवाजा गया।

कप्तान श्रेयस अय्यर ने लगाया अर्धशतक

दिल्ली के कप्तान श्रेयस अय्यर ने कप्तानी पारी खेलते हुए। 35 गेंद पर 50 रन की पारी खेली। उन्होंने ऋषभ पंत के साथ मिलकर 82 रन की महत्तवपूर्ण साझेदारी की।

दिल्ली के ओपनर पृथ्वी शॉ ने खेली बेहतरीन पारी

पृथ्वी शॉ ने मैदान के चारों ओर बेहतरीन शॉट लगाए। उन्होंने कप्तान श्रेयस अय्यर के साथ मिलकर दूसरे विकेट के लिये 73 रन की साझेदारी की। शॉ ने 25 गेंद पर 47 रन बनाए इस दौरान उन्होंने 4 चौके और 4 छक्के लगाए।

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घरेलू मैदान पर विराट की बैंगलोर ने ने रोहित की मुम्बई इंडियंस को हराया। फोटो विश्लेषण!

IPL के 31वें मैच में बैंगलोर ने पहले खेलते हुए 20 ओवर में 7 विकेट पर 167 रन बनाए। मुंबई को जीत के लिए 168 रन का लक्ष्य मिला था लेकिन रोहित की टीम 20 ओवर में 7 विकेट पर 153 रन ही बना पाई और उसे 14 रन से ये मैच गवांना पड़ा।

मुंबई के कप्तान रोहित शर्मा बैंगलोर के खिलाफ अपना खाता भी नहीं खोल पाए और उन्हें उमेश यादव ने कैच आउट करवा दिया।

ईशान किशन को ओपनिंग की जिम्मेदारी दी गई लेकिन उन्होंने अपनी टीम को निराश किया और शून्य पर बोल्ड हो गए तेज गेंदबाज टिम साउथी की गेंद पर।

किरोन पोलार्ड का बल्ला भी बैंगलोर के खिलाफ नहीं चला और वो 13 रन पर पवेलियन लौट गए।

मुंबई के ओपनर बल्लेबाज सूर्यकुमार यादव 9 रन पर उमेश यादव की गेंद पर LBW आउट हो गए।

हार्दिक पांड्या ने मुंबई के लिए 42 गेंदों पर 50 रन की बेहतरीन पारी खेली लेकिन टीम को जीत नहीं दिला पाए।

बैंगलोर के ओपनर बल्लेबाज मनन वोहरा ने अपनी टीम के लिए सबसे बड़ी पारी खेली और 31 गेंदों पर 45 रन बनाए।

मैकुलम के बल्ले से 25 गेंदों पर 37 रन निकले और वो रन आउट हो गए।

कप्तान विराट कोहली ने 26 गेंदों पर 32 रन बनाए और बड़ी पारी खेलने से चूक गए।

मनदीप सिंह ने 10 गेंदों पर 14 रन बनाए। उनका तूफानी अंदाज नहीं चल पाया।

मुंबई की तरफ से बैंगलोर के खिलाफ हार्दिक सबसे सफल गेंदबाज रहे और तीन विकेट झटके।

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UPSC 2017 RESULT: उन होनहारों की कहानी जिन्होंने UPSC में लहराया परचम

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कामचलाऊ भाले से किया अभ्यास और अब नीरज ने गोल्ड जीतकर रच दिया इतिहास

कॉमनवेल्थ गेम्स में भाला फेंक में स्वर्ण पदक जीतने वाले एकमात्र भारतीय एथलीट नीरज चोपड़ा कभी एक अदद भाले के लिए तरसते थे लेकिन ये उनकी मेहनत का ही फल है कि आज की तारीख में वह इस खेल के चैंपियन हैं।

पांच साल पहले नीरज के पास अभ्यास के लिए भाला भी नहीं था पर उन्होंने हौसला नहीं खोया। पिता सतीश कुमार और चाचा भीम सिंह से सात हजार रुपये लेकर काम चलाऊ भाला खरीदा और हर दिन आठ घंटे तक अभ्यास किया। इसी के बूते अंडर-16, अंडर-18 और अंडर-20 की मीट में राष्ट्रीय रिकॉर्ड बना डाला। इसके बाद भारतीय कैंप में चयन हुआ। इसके बाद उन्हें डेढ़ लाख रुपये वाले भाले से अभ्यास करने का मौका मिला। इसके बाद उन्होंने पोलैंड में अंडर-20 वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में विश्व रिकॉर्ड बनाया।

नीरज का कहना है कि विदेशी खिलाड़ियों से हम किसी भी तरह से कम नहीं हैं, कमी है तो हार के समय बिखर जाना और लक्ष्य से जी चुराना। भाला फेंक मंहगा खेल है। सरकार, संस्थाओं और सामाजिक संगठनों को खिलाड़ियों का सहयोग करना होगा। नीरज ने बताया कि पंचकूला के एथलेटिक्स कोच नसीम अहमद ने उनकी तकनीक में सुधार कराया है।

रिकॉर्ड के बादशाह हैं नीरज

नीरज के नाम अंडर-20 में विश्व रिकॉर्ड व राष्ट्रीय रिकॉर्ड। 2016 में साउथ एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक के साथ-साथ राष्ट्रीय रिकॉर्ड। इसके साथ ही साथ 2014 में अंडर-18 नेशनल यूथ एथलेटिक्स चैंपियनशिप में राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी नीरज के नाम है।

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CWG 2018: शनिवार को भारत पर हुई सोने की बरसात, अभी तक जीते 8 गोल्ड मेडल

ऑस्ट्रेलिया के गोल्डकोस्ट में चल रहे 21वें कॉमनवेल्थ गेम्स में मनिका बत्रा ने भारत को 24वां गोल्ड मेडल दिलाया है। गोल्डकोस्ट में भारतीयों के लिये अभी तक शनिवार का दिन सुनहरा रहा है अभी तक 7 गोल्ड भारत की झोली में आ चुके हैं। इसके अलावा दीपिका पल्लीकल और सौरभ घोषाल की जोड़ी ने स्क्वॉस में सिल्वर मेडल जीता है।

इसके पहले मैरी कॉम फिर शूटर संजीव राजपूत के बाद मुक्‍केबाज गौरव सोलंकी ने स्‍वर्ण दिलाया तो अब नीरज चोपड़ा ने गोल्ड मेडल जीत लिया है। कॉमनवेल्थ गेम्स में ये भारत का 21वां गोल्ड मेडल रहा। इसके बाद रेसलर साक्षी मलिक ने भारत को ब्रॉन्ज मेडल दिलवाया तो फिर रेसलर सुमित ने भारत को पांचवां गोल्ड दिलवा दिया। इसके बाद मनिका ने बैडमिंटन में गोल्ड जीता और फिर विकास कृष्ण ने भी गोल्डन पंच लगा दिया। इसी के साथ भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अपने 59 पदक भी पूरे किए। भारत ने अब तक 25 गोल्ड, 16 सिल्वर और 18 ब्रॉन्ज मेडल जीत लिए हैं।

टेबल टेनिस मेन्स डबल्स में भारत को मिला सिल्वर मेडल

शरत अचंत कमल और साथियान गणाशेखरन ने टेबल टेनिस के मेन्स डबल्स में भारत को लिए सिल्वर मेडल जीता।

विकास कृष्ण ने मारा गोल्डन पंच

बॉक्सिंग में पुरुषों के 75 किलोग्राम भारवर्ग में भारत के विकास कृष्ण ने गोल्ड जीता है। फाइनल में उन्होंने कैमरून के वेल्फ्रेड सेई को 5-0 से शिकस्त दी। इसके साथ ही भारत के खाते में 25वां गोल्ड आया।

मनिका बत्रा ने दिलाया भारत को 24वां गोल्ड

मनिका ने महिलाओं की सिंग्लस टेबल टेनिस मुकाबले में सिंगापुर की मेंगयू यू को 11-7, 11-6, 11-2, और 11-7 से हराकर गोल्ड मेडल पर कब्जा किया।

दीपिका और सौरभ की जोड़ी ने जीता सिल्वर

दीपिका पल्लीकल और सौरभ घोषाल की जोड़ी ने स्क्वॉस में सिल्वर मेडल जीता है, इसके साथ ही अब भारत के कुल पदकों की संख्या 55 तक पहुंच गयी है। गोल्डकोस्ट में शनिवार का दिन भारतीयों के लिये बहुत बढ़िया रहा। इस दिन भारतीय खिलाड़ियों ने अब तक 7 गोल्ड जीते

विनेश फोगाट ने लगाया गोल्डन दांव

भारत के खाते में एक और गोल्ड आ गया है। विनेश ने फ्री स्टाइल के 50 किलोग्राम इवेंट में गोल्ड मेडल जीता है। फाइनल मुकाबले में वीनेश ने कनाडा की रेसलर जेसिका मेकडोनाल्ड को हराया।

सुमित ने जीता गोल्ड

रेसलर सुमित मलिक ने पुरुषों के 125 किलो भारवर्ग फ्री स्टाइल कुश्ती में गोल्ड मेडल जीता। भारतीय पहलवान सुमित ने पाकिस्तान के तायब राजा को फ्री स्टाइल के 125 किलोग्राम इवेंट में हराया। सुमित ने ये मुकाबला 10-4 से जीता।

साक्षी को मिला ब्रॉन्ज मेडल

रेसलर साक्षी मलिक ने महिलाओं की 62 किलो भार वर्ग फ्री स्टाइल कुश्ती में कांस्य पदक अपने नाम किया।साक्षी ने न्यूजीलैंड की टेलर फोर्ड को मात देकर कांस्य पदक अपने नाम किया। साक्षी ने यह मुकाबला अपने मजबूत डिफेंस के दम पर 6-5 से जीता। अंतिम राउंड में टेलर ने साक्षी को पटक दिया था, लेकिन इस दिग्गज पहलवान ने अपने डिफेंस के कारण टेलर को जरूरी अंक नहीं लेने दिए और महज एक अंक के अंतर से कांसे पर कब्जा किया।

नीरज चोपड़ा ने गोल्ड जीतकर रचा इतिहास

नीरज चोपड़ा ने जैवलिन थ्रो में भारत के नाम एक और गोल्ड मेडल करवा दिया। नीरज ने 86.47 मीटर की दूरी पर भाला फेंक कर ये गोल्ड अपने नाम किर इतिहास रच दिया। नीरज भाला फेंक में भारत के लिए गोल्ड मेडल जीतने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी है। नीरज से पहले कोई भी भारतीय खिलाड़ी जैवलिन थ्रो में भारत के लिए गोल्ड नहीं जीत सका था।

CWG में उत्‍तरी आयरलैंड को गौरव ने दी मात
मुक्केबाज गौरव सोलंकी ने उत्‍तरी आयरलैंड के ब्रेंडन इरवाइन को 4-1 से हराया। उन्‍होंने पुरुषों की 52 किलोग्राम भारवर्ग स्पर्धा यह सफलता हासिल की है।

CWG में बॉक्सिंग में स्‍वर्ण पदक हासिल करने वाली पहली भारतीय महिला मैरी कॉम

मुक्केबाजी स्‍पर्धा में भारत की मैरी कॉम ने स्‍वर्ण पदक जीत लिया। पांच बार विश्‍वविजेता रहीं मैरी कॉम ने फाइनल के 45-48 किलोग्राम भारवर्ग स्‍पर्धा में इंग्‍लैंड की क्रिस्‍टिना ओ हारा को 5-0 से हराया। मैरी कॉम ने सेमीफाइनल में श्रीलंका की अनुशा दिलरुक्सी को 5-0 से मात देकर फाइनल में जगह बनाई थी।

ऐसे रहा तीनों राउंड में मैरी कॉम का अंदाज

मैच के पहले राउंड में मैरी कॉम ने धीरज से काम लिया और मौके की ताक में रहीं। जब भी मौका मिला उन्‍होंने पंज जमाए। दूसरे राउंड में भी वे उसी तरह थी लेकिन क्रिस्टिना की ओर से कोशिशें जारी थीं। लेकिन ज्‍यों ज्‍यों मुकाबला बढ़ रहा था मैरी कॉम भी आक्रामक होती जा रहीं थीं और क्रिस्‍टिना पर दवाब बनाया हुआ था। अंतिम राउंड में क्रिस्टिना आक्रामक हो गई थीं लेकिन मैरी कॉम ने अपना पलड़ा भारी रखा और गोल्‍ड मेडल जीत लिया।

राष्ट्रपति ने दी मैरी कॉम को बधाई

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने राष्ट्रमंडल खेलों के मुक्केबाजी स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने पर भारत की अनुभवी मुक्केबाज व पांच बार की विश्व चैम्पियन एमसी मैरी कॉम को बधाई दी है। राष्ट्रपति ने ट्विटर पर दिए अपने बधाई संदेश में कहा, ‘राष्ट्रमंडल खेलों में महिलाओं के 45-48 किग्रा मुक्केबाजी स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने के लिए मणिपुर और भारत की आइकन मैरी कॉम को बधाई।‘

संजीव राजपूत ने जीता गोल्ड

भारत के स्टार रायफल शूटर संजीव राजपूत ने गोल्‍ड 50 मीटर राइफल स्‍पर्धा में जीत हासिल की वहीं गौरव सोलंकी ने 52 किग्रा स्‍पर्धा में देश का नाम रोशन किया।

4 से 15 अप्रैल तक आयोजित राष्‍ट्रमंडल खेल में 53 देशों के एथलीट हिस्सा ले रहे हैं जिसमें भारत के 218 खिलाड़ी हैं। पिछले तीन कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत 215 मेडल जीत चुका है। 2006 में 50, 2010 में 101 और 2014 में 64 मेडल भारत की झोली में आए थे।

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CWG 2018: भारत के लिए सुपर संडे, जानें कौन कौन से खिलाड़ियों ने बढ़ाई तिरंगे की शान, जीते मेडल, देखें फोटोज और विश्लेषण

कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय खिलाड़ी का शानदार प्रदर्शन जारी है। 21वें राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय खिलाड़ियों ने संडे को छह मेडल हासिल करते हुए इसे सुपर संडे बना दिया। इन छह मेडल में 3 गोल्ड, एक सिल्वर और दो कांस्य पदक भारत की झोली में आए। इसके साथ ही अब भारत ने 7 गोल्ड, 2 सिल्वर और 3 कांस्य के साथ कुल 12 मेडल हासिल कर लिए हैं और इसी के साथ भारत मेडल टैली में चौथे स्थान पर आ गया है।

गोल्ड जीतने वाले खिलाड़ी

टेबल टेनिस टीम ने जीता गोल्ड

21वें कॉमनवेल्थ गेम्स में टेबल टेनिस के टीम इवेंट के फाइनल में भारत ने सिंगापुर को 3-1 से मात देकर गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया। ये भारत का सातवां गोल्ड मेडल रहा।

मनु भाकर

अपना पहला कॉमनवेल्थ खेल रही मनु भाकर ने महिलाओं के 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में गोल्ड मेडल हासिल किया। फाइनल मुकाबले में मनु ने 240.9 अंक हासिल करते हुए गोल्ड मेडल पर निशाना साध दिया।

पूनम यादव

भारत की पूनम यादव ने 69 किलो वर्ग कैटिगरी में में भारत की झोली में पांचवा गोल्ड डाल दिया। पूनम ने 69 किलो भारवर्ग में कुल 222 किलो वजन उठाया। स्नैच में 100 और क्लीन एंड जर्क में पूनम ने 122 किलो ग्राम वजन उठाया।

राहुल रागला

राहुल ने 85 किग्रा भार वर्ग में 338 किग्रा (151187) वजन उठाकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया था। उन्होंने सामोआ के डोन ओपेलोगे (331) को पीछे छोड़ा, जिन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। क्लीन एंड जर्क में पहले प्रयास में राहुल ने 147 और ओपेलोगे ने 144 किग्रा का वजन उठाया। राहुल ने दूसरे प्रयास में 187 किग्रा वजन उठाया, जबकि ओपेलोगे दूसरे प्रयास में विफल रहे। हालांकि, दोनों का 191 किग्रा का आखिरी प्रयास विफल रहा।

सतीश शिवलिंगम

भारतीय वेटलिफ्टर सतीश कुमार शिवलिंगम ने 53 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीता था। सतीश ने स्नैच में अपने पहले प्रयास में 136 किलोग्राम वजन उठाया था, इसके बाद 140 और अपने आखिरी प्रयास में 144 किलो भार उठाया।

संजीता चानू

कॉमनवेल्थ गेम्स के दूसरे दिन भारत की झोली में दूसरा गोल्ड मेडल आया। ये मेडल भारत की स्टार वेटलिफ्टर संजीता चानू ने 53 किलोग्राम वर्ग में दिलाया था। संजीता ने ग्लासगो में खेले गए कॉमनवेल्थ गेम्स में भी गोल्ड मेडल जीता था।

मीरा बाई चानू

गोल्ड कोस्ट में खेले जा रहे 21वें कॉमनवेल्थ गेम्स के पहले ही दिन भारतीय वेटलिफ्टर मीरा बाई चानू ने भारत को पहला गोल्ड मेडल दिला दिया। मीरा बाई चानू ने अपने पहले ही प्रयास में 80 किलोग्राम वजन उठाकर कॉमनवेल्थ गेम्स का रिकॉर्ड बनाया। पिछला रिकॉर्ड 77 किलोग्राम का था जो कि अगस्तानिया ने बनाया था। इसके बाद दूसरे प्रयास में उन्होंने बड़ी ही आसानी से 84 किलोग्राम वजन उठा दिया। दूसरी कोशिश में 84 किग्रा वजन उठाकर अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा। तीसरी और आखिरी कोशिश में 86 किग्रा वजन उठाकर दूसरी बार अपने ही रिकॉर्ड से आगे निकल गईं।

सिल्वर मेडल जीतने वाले खिलाड़ी

हिना सिद्धू

21वें कॉमनवेल्थ गेम्स के महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल में हीना सिद्धू ने सिल्वर मेडल अपने नाम किया। फाइनल मुकाबले में मनु ने 240.9 अंक हासिल किए और हिना को 234 अंक मिले। इस स्पर्धा में मनु ने गोल्ड जीता तो हिना को सिल्वर मेडल मिला।

गुरुराजा पुजारी

21वें कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत को पहला पदक वेटलिफ्टर गुरुराजा पुजारी ने दिलवाया। गुरुराजा ने 56 किलोग्राम कैटेगरी में 249 किग्रा वजन उठाया। इससे पहले 2016 साउथ एशियन गेम्स में उन्होंने गोल्ड मेडल जीता था। वहीं, इस साल पेनांग में कॉमनवेल्थ सीनियर वेटलिफ्टिंग चैम्पियनशिप में भी गुरुराजा पुजारी ने गोल्ड पर कब्जा जमाया था।

कांस्य पदक जीतने वाले खिलाड़ी

विकास ठाकुर

भारत के भारोत्तोलक विकास ठाकुर ने भारत की झोली में तीसरा कांस्य पदक डाला। विकास ने 94 किलोग्राम भारवर्ग में कांस्य पदक हासिल किया। विकास ने कुल 351 किलोग्राम भार उठाया। उन्होंने स्नैच में 159 का भार उठाकर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। क्लीन एंड जर्क में वह अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए और इस कारण उन्हें कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा।

रवि कुमार

भारत को रवि कुमार ने 10 मी. एयर राइफल में दूसरा कांस्य पदक दिलाया। रवि कुमार एक समय रजत पदक जीतते दिखाई पड़ रहे थे, लेकिन आखिरी में उन्हें कांस्य से संतोष करना पड़ा। रवि कुमार ने 224.1 का स्कोर किया।

दीपक लाठेर

ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में खेले जा रहे कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत को पहला कांस्य पदक दीपक लाठेर ने दिलवाया। दीपक ने वेटलिफ्टिंग के 69 किलो की प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीता। 18 साल के दीपक लाठेर के लिए ये पहला मौका है जब वो कॉमनवेल्थ गेम्स में भाग ले रहे हैं।

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CWG 2018: राहुल ने दिलाया भारत को चौथा गोल्ड, वेटलिफ्टिंग में हैटट्रिक

कॉमनवेल्थ गेम्स में शुक्रवार को भारतीय वेटलिफ्टर्स ने दो गोल्ड मेडल जीते। वेटलिफ्टर सतीश कुमार शिवलिंगम ने शनिवार को 77 किग्रा कैटेगरी में गोल्ड जीता। उधर, 85 किग्रा कैटेगिरी में वेंकट राहुल रागला ने भी भारत को सोना दिलाया। राहुल मां की बीमारी की वजह से रियो ओलंपिक में दावेदारी नहीं कर पाए थे। गोल्ड कोस्ट में भारत को अब तक 4 स्वर्ण पदक मिल चुके हैं।

बता दें कि भारत पहली बार 1934 में शामिल हुआ था। इस तरह 84 साल में भारत वेटलिफ्टिंग में अब तक 42 गोल्ड जीत चुका है।

सतीश ने कुल 317 किग्रा वजन उठाया

– 25 साल के सतीश ने स्नैच के पहली कोशिश में 136, दूसरी में 140 और तीसरी में 144 किग्रा का वजन उठाया। क्लीन एंड जर्क में पहली कोशिश में 169 और दूसरी में 173 किग्रा का वजन उठाया। इसके साथ ही उनका गोल्ड पक्का हो गया। इसलिए उन्होंने तीसरी कोशिश नहीं की।

– सतीश ने 2014 ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में इसी कैटेगरी (77 किग्रा) में गोल्ड जीता था। उन्होंने तब 328 (स्नैच में 149 और क्लीन एंड जर्क में 179) किग्रा का वजन उठाया था।

– 2016 रियो ओलिंपिक में वह 11वें स्थान पर रहे थे। रियो में उन्होंने 329 (स्नैच में 148 और क्लीन एंड जर्क में 181) किग्रा का वजन उठाया था।

जैक ने सतीश से 5 किग्रा कम वजन उठाया

– जैक ओलिवर ने कुल 312 किग्रा वजन उठाया। उन्होंने स्नैच की पहली कोशिश में 141, दूसरी में 145 किग्रा वजन उठाया। तीसरी कोशिश में 148 किग्रा ऑप्ट किया, लेकिन फाउल कर गए। क्लीन एंड जर्क में उन्होंने पहली कोशिश में 167 किग्रा वजन उठाया। दूसरी और तीसरी कोशिश में 171 किग्रा ऑप्ट किया, लेकिन दोनों बार फाउल कर गए।

– इसी तरह फ्रांकोइस ने कुल 307 किग्रा वजन उठाया। फ्रांकोइस ने स्नैच की पहली कोशिश में 128, दूसरी में 133 और तीसरी में 136 किग्रा वजन उठाया। क्लीन एंड जर्क में उन्होंने पहली कोशिश में 162 किग्रा वजन उठाया। दूसरी कोशिश में 168 किग्रा ऑप्ट किया, लेकिन फाउल कर गए। तीसरी कोशिश में 169 किग्रा का वजन उठाया।

कॉमनवेल्थ चैम्पियनशिप में चार बार जीत चुके हैं गोल्ड
– सतीश कॉमनवेल्थ चैम्पियनशिप में चार बार 2012, 2013, 2015 और 2017 में गोल्ड मेडल जीत चुके हैं।
– 2012 में समोआ के आपिया में उन्होंने 297 (स्नैच में 131 और क्लीन एंड जर्क में 166) किग्रा का वजन उठाया था।
– 2013 में मलेशिया के पेनांग में उन्होंने 317 (स्नैच में 142 और क्लीन एंड जर्क में 175) किग्रा का वजन उठाया था।
– 2015 में पुणे में उन्होंने 325 (स्नैच में 150 और क्लीन एंड जर्क में 175) किग्रा का वजन उठाया था।
– 2017 में गोल्ड कोस्ट में उन्होंने 320 (स्नैच में 148 और क्लीन एंड जर्क में 172) किग्रा का वजन उठाया था।
– 2014 अलमाटी (कजाखिस्तान) वर्ल्ड चैम्पियनशिप में वह 22 स्थान पर रहे थे। वहां उन्होंने 317 (स्नैच में 140 और क्लीन एंड जर्क में 177) किग्रा का वजन उठाया था।
– 2015 में अमेरिका के ह्यूस्टन में हुई वर्ल्ड चैम्पियनशिप में उन्होंने स्नैच में 142 किग्रा का वजन उठाया था, लेकिन क्लीन एंड जर्क की तीनों कोशिश में फाउल कर गए थे।
– 2017 में अॅनाहाइम (अमेरिका) वर्ल्ड चैम्पियनशिप में 14वें नंबर पर रहे थे। वहां उन्होंने 328 (स्नैच में 148 और क्लीन एंड जर्क में 180) किग्रा का वजन उठाया था।

सतीश के पिता भी वेटलिफ्टर रहे
– तमिलनाडु के वेल्लोर में जन्मे सतीश सदर्न रेलवे में चेन्नई में सीनियर क्लर्क के पद पर तैनात हैं। उनके पिता सेना से रिटायर हैं। सेना से रिटायर होने के बाद वह नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में वाचमैन थे। वह भी वेटलिफ्टर रहे हैं।

वेटलिफ्टिंग में एकमबारम करुणाकरन ने दिलाया था देश को पहला गोल्ड

वेटलिफ्टिंग में भारत के लिए पहली बार गोल्ड एकमबारम करुणाकरन ने जीता था। उन्होंने 1978 एडमोनटन कॉमनवेल्थ गेम्स में फ्लाईवेट ओवरऑल में 205 किग्रा वजन उठाया था। वह तमिलनाडु के तिरुवल्लूर के रहने वाले थे।

अपना बेस्ट करने से चूके वेंकट राहुल

– वेंकट राहुल ने स्नैच की पहली कोशिश में 147 किग्रा वजन उठाया, दूसरी में 151 किग्रा ऑप्ट किया, लेकिन फाउल कर गए। तीसरी कोशिश में 151 किग्रा वजन उठाया।

– क्लीन एंड जर्क में पहली कोशिश में 182 और दूसरी में 187 किग्रा वजन उठाया। तीसरी कोशिश में 191 किग्रा ऑप्ट किया, लेकिन फाउल कर गए।

– हालांकि वह अपना बेस्ट यहां नहीं कर सके। पिछले साल कॉमनवेल्थ चैम्पियनशिप में उन्होंने 351 किग्रा वजन उठाया था।

351 किग्रा वजन उठाने वाले सबसे कम उम्र के भारतीय वेटलिफ्टर हैं वेंकट राहुल
– 16 मार्च, 1997 को आंध्र प्रदेश के स्टुअर्टपुरम में जन्में वेंकट राहुल पहली बार तब सुर्खियों में आए थे, जब 2015 में पुणे में हुई कॉमनवेल्थ चैम्पियनशिप में उन्होंने 85 किग्रा कैटेगरी में सिल्वर मेडल जीता था। तब उन्होंने 327 (स्नैच में 146 और क्लीन एंड जर्क में 181) किग्रा वजन उठाया था।

– 2017 में गोल्ड कोस्ट में हुई कॉमंनवेल्थ चैम्पियनशिप में 85 किग्रा कैटेगरी में उन्होंने गोल्ड जीता था। उन्होंने 351 (स्नैच में 156 और क्लीन एंड जर्क में 195) किग्रा वजन उठाया था। इतना वजन उठाने वाले सबसे युवा भारतीय वेटलिफ्टर हैं।

– 2015 में गोल्ड जीतने के बाद वह रियो ओलिंपिक की तैयारियों में जुटे थे, लेकिन मां की तबियत खराब होने के कारण ट्रायल्स नहीं दे पाए।

84 साल में भारत वेटलिफ्टिंग में 42 गोल्ड जीते

साल गोल्ड मेडल
1978 1
1982 0
1986 भाग नहीं लिया
1990 12
1994 3
1998 3
2002 11
2006 3
2010 2
2014 3
2018 4
कुल 42

पदक तालिका: टॉप 5 देश

देश गोल्ड सिल्वर ब्रॉन्ज कुल
ऑस्ट्रेलिया 17 16 17 50
इंग्लैंड 14 11 4 29
कनाडा 5 5 6 16
भारत 4 1 1 6
स्कॉटलैंड 3 5 6 14

* यह तालिका भारतीय समयानुसार शनिवार शाम 5 बजे तक अपडेट है।