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Box Office पर इस हफ़्ते पड़ेगी Raid, जानिये कितना माल बरामद होगा

अजय देवगन ने रोमांटिक फिल्मों से अपना फिल्मी सफ़र शुरू किया था और फिर एक्शन, इमोशन से लेकर कॉमेडी में भी हाथ आजमाया। रियलिस्टिक फिल्मों में भी उनका खासा दखल रहा और अब वो बड़े परदे पर एक और सच्ची कहानी लेकर आ रहे हैं फिल्म रेड के जरिये।

‘नो वन किल्ड जेसिका और आमिर जैसी फिल्म बनाने वाले निर्देशक राजकुमार गुप्ता रेड (Raid) इसी हफ़्ते यानि 16 मार्च रिलीज़ हो रही है। फिल्म के नाम से ही तय है कि ये कहानी छापामारी की है। इस बार मामला आयकर विभाग से जुड़ा है और कहानी भी उसी इनकम टैक्स के रेड की है, जिसके बारे में सुनकर बड़े बड़े मालदार हिल जाते हैं। फिल्म रेड, 1981 में उत्तर प्रदेश के लखनऊ शहर में हुई एक सच्ची घटना पर आधारित है। फिल्म में अजय इनकम टैक्स ऑफिसर बने हैं और उनकी भ्रष्टाचार के विरुद्ध मुहिम है।

…ये कहानी है लखनऊ के इनकम टैक्स कमिश्नर शारदा प्रसाद पांडे की, जिसने साल 1981 में लखनऊ के बड़े उद्योगपति सरदार इंदर सिंह के यहां छापा मारा था। इस दौरान 420 करोड़ रूपये मूल्य के गहने और कैश की संपत्ति बरामद की गई। करीब 18 घंटे तक चली इस रेड में नोट गिनने के लिए 45 लोग लगे थे।…

फिल्म में इलियाना डिक्रूज़, अजय की पत्नी के किरदार में हैं और फिल्म सौरभ शुक्ला, अमित सयाल और पुष्पा जोशी का बड़ा रोल है। इस फिल्म की कहानी ‘पिंक’ जैसी बेहतरीन फिल्म के राइटर रितेश शाह ने लिखी है। फिल्म रेड में अजय का काफ़ी इंटेंस लुक दिख रहा है। अजय की पिछली फिल्म गोलमाल रिटर्न्स के फैन्स के लिए ये काफ़ी अलग फिल्म होगी लेकिन अजय देवगन को ऐसे किरदार बहुत सूट करते हैं ये सभी जानते हैं। करीब दो घंटे की इस फिल्म को सेंसर बोर्ड ने यू/ए सर्टिफिकेट के साथ पास किया है।

पाकिस्तान ने फिल्म रेड को अपने यहाँ रिलीज़ की हरी झंडी दे दी है।

जानकारी के मुताबिक रेड को दस करोड़ के प्रचार खर्च के साथ करीब 40 करोड़ रूपये में बनाया गया है और इसे देश भर में 2500 से अधिक स्क्रीन्स में रिलीज़ किया जाएगा। ट्रेड सर्किल के मुताबिक फिल्म को पहले दिन 10 से 12 करोड़ रूपये के कलेक्शन का अनुमान है। रेड के लिए सबसे ख़ास बात ये है कि इसके साथ इस हफ़्ते को भी आल इंडिया रिलीज़ नहीं है और अगले हफ़्ते भी रानी मुखर्जी की हिचकी को छोड़ कर कोई बड़ी फिल्म नहीं है। हां, सोनू के टीटू की स्वीटी का अच्छा बिज़नेस थोड़ा प्रभावित कर सकता है।

अजय देवगन की पिछले साल आई फिल्म गोलमाल अगेन ने पहले दिन 30 करोड़ 14 लाख रूपये का कलेक्शन किया था।

अजय देवगन-इलियाना डिक्रूज़ के कम्बीनेशन वाली बादशाहो ने पहले दिन 12 करोड़ 60 लाख रूपये का कलेक्शन किया था।

राजकुमार गुप्ता की नो वन किल्ड जेसिका को पहले दिन तीन करोड़ 25 लाख रूपये की कमाई हुई थी।

वैसे अजय देवगन, अक्षय कुमार की तरह सोशल रेस्पोंसिबिल्टी निभाने वाली फिल्मों की तरफ़ तो नहीं मुड़े हैं लेकिन सच्ची घटनाओं से जुड़े सस्पेंस और थ्रिलर में उनकी ख़ासी दिलचस्पी रही है।

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‘थप्‍पड़कांड’ की गूंज, एलजी से मिले केजरीवाल, बोले- बैठक में भाग नहीं ले रहे अधिकारी

दिल्ली के मुख्य सचिव अंशु प्रकाश के साथ हुई मारपीट के मामले में लेफ्टिनेंट गवर्नर अनिल बैजल से मिलने सीएम अरविंद केजरीवाल राजनिवास पहुंचे। यहां दोनों की बैठक लगभग 10 मिनट तक चली। बैठक के बाद सीएम केजरीवाल ने ट्वीट कर बैठक के दौरान हुई बातों का ब्योरा दिया।

बैठक में हिस्सा नहीं ले रहे हैं अधिकारी 

सीएम केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा कि अधिकारी पिछले 3 दिनों से बैठकों में भाग नहीं ले रहे हैं। दिल्ली में शासन के काम में बाधा आ रही है। एलजी ने आश्वासन दिया है कि अधिकारियों को सामान्य रूप से काम शुरू करने के लिए वे सभी कदम उठाएंगे। मंत्रिपरिषद ने सभी सहयोग का आश्वासन दिया है। हम सभी को दिल्ली की भलाई के लिए मिलकर काम करना चाहिए।

21 सीसीटीवी कैमरे सीज 

इससे पहले अरविंद केजरीवाल के सलाहकार वीके जैन की गवाही के बाद मुख्य सचिव से मारपीट के मामले में दिल्‍ली पुलिस मुख्‍यमंत्री के आवास पर पहुंची। दिल्‍ली पुलिस ने मुख्‍यमंत्री आवास में लगे 21 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को सीज कर दिया है। पुलिस सीसीटीवी के जरिए उन सबूतों को जुटा रही है कि आखिर इस मारपीट में और कौन-कौन विधायक शामिल थे। इसके अलावा मारपीट के समय मौजूद अरविंद केजरीवाल की भूमिका पर भी उसकी पैनी नजर है।

मारपीट वाले कमरे तक पहुंची पुलिस

मुख्‍यमंत्री आवास में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के साथ-साथ उस कमरे का भी निरीक्षण किया  जहां पर यह घटना घटित हुई थी। वीके जैन के बयान के बाद सीसीटीवी की फुटेज इस मामले की जांच के लिए सबसे अहम सबूत होंगे। दिल्‍ली पुलिस को शक है कि मुख्‍यमंत्री आवास से मीडिया में जो सीसीटीवी फुटेज लीक की गई है, उसमें टाइम के साथ कुछ छेड़छाड़ की गई है।

मुश्किल में दिल्‍ली सरकार 

वीके जैन के अहम बयान के बाद दिल्‍ली सरकार की मुश्किलें बढ़ गई है। मुख्य सचिव से मारपीट के समय मुख्यमंत्री आवास में मौजूद अन्य विधायकों और कर्मचारियों की भी गिरफ्तारी होना तय है। दिल्‍ली पुलिस घटना वाली रात मुख्यमंत्री आवास में मौजूद अन्य विधायकों व ‘आप’ नेताओं के बारे में जानकारी जुटा रही है।

अरविंद केजरीवाल का फंसना तय

इस मामले में मुख्यमंत्री के सलाहकार वीके जैन ने सात लोगों के नाम लिए हैं। जैन ने कोर्ट में साफ कहा कि मुख्य सचिव के साथ ‘आप’ विधायकों ने मारपीट की शुरुआत की थी, लेकिन मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने बचाने की कोई कोशिश नहीं की। दिल्‍ली पुलिस ने शुरू से ही मुख्‍यमंत्री के सलाहकार वीके जैन को ही पूछताछ के केंद्र में रखा। दिल्ली पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि कहीं यह घटना मुख्‍यमंत्री के इशारे पर तो नहीं की गई।

मुख्‍यमंत्री ने हस्‍तक्षेप क्‍यों नहीं किया

इस बड़े सवाल का जवाब पुलिस भी खोज रही है कि अगर यह घटना पूर्व नियोजित नहीं थी तो रात में मुख्‍यमंत्री आवास पर मुख्‍य सचिव को बुलाने के क्‍या निहितार्थ हैं। आखिर केजरीवाल के आवास पर इतनी देर रात आप विधायक के रुकने के क्‍या औचित्‍य था। इस मामले में मुख्‍यमंत्री ने हस्‍तक्षेप क्‍यों नहीं किया।

मुख्य सचिव की FIR में क्‍या है

गौरतलब है कि दिल्ली सरकार के मुख्य सचिव अंशु प्रकाश ने मंगलवार को आरोप लगाया था कि आम आदमी पार्टी (आप) के विधायक अमानतुल्लाह खान और एक अन्य विधायक ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सामने उनके सरकारी आवास में उनसे मारपीट की थी। एफआईआर के मुताबिक, मुख्यमंत्री के सलाहकार वीके जैन ने मुख्य सचिव को सोमवार की रात पौने नौ बजे फोन पर कहा कि सरकार के तीन साल पूरा होने पर कुछ टीवी विज्ञापनों के प्रसारण में हो रही देरी पर बातचीत होगी। इसके लिए रात 12 बजे मुख्यमंत्री आवास पहुंचना है। वहां सीएम व उप मुख्यमंत्री उनसे विचार-विमर्श करेंगे। जैन ने रात नौ बजे और फिर घंटे भर बाद भी फोन किया।

LG ने गृह मंत्रालय को सौंपी रिपोर्ट

उधर, दिल्ली के मुख्य सचिव से मारपीट मामले पर एक रिपोर्ट उपराज्यपाल अनिल बैजल ने गृह मंत्रालय को सौंप दी है। गृह मंत्रालय के अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि उन्हें दिल्ली के उपराज्यपाल से एक रिपोर्ट मिली है। इस पर विचार चल रहा है। दिल्ली पुलिस इस मामले के आपराधिक पहलू को देख रही है, जबकि गृह मंत्रालय इस रिपोर्ट के प्रशासनिक मुद्दों को देख रहा है।